- फारस की खाड़ी में स्थित ईरान के प्रमुख तेल निर्यात केंद्र को बनाया गया निशाना।
- अमेरिका-ईरान तनाव के बीच सैन्य कार्रवाई से मध्य-पूर्व में बढ़ी युद्ध की आशंका।
- रणनीतिक ठिकाने पर हमले से वैश्विक ऊर्जा बाजार पर भी पड़ सकता है असर।
नई दिल्ली/वॉशिंगटन:
मध्य-पूर्व में जारी तनाव के बीच अमेरिका ने ईरान के रणनीतिक खार्ग द्वीप (Kharg Island) पर सैन्य ठिकानों को निशाना बनाकर हवाई हमले किए हैं। एक अमेरिकी अधिकारी के हवाले से सामने आई जानकारी के अनुसार, इन हमलों में द्वीप पर मौजूद सैन्य लक्ष्यों को टारगेट किया गया।
खार्ग द्वीप फारस की खाड़ी में स्थित ईरान का बेहद अहम इलाका है और इसे देश के तेल निर्यात का प्रमुख केंद्र माना जाता है। यहां से ईरान के अधिकांश कच्चे तेल का निर्यात होता है, इसलिए किसी भी सैन्य कार्रवाई का असर वैश्विक ऊर्जा बाजार पर भी पड़ सकता है।
रिपोर्टों के मुताबिक, अमेरिकी कार्रवाई ऐसे समय में हुई है जब ईरान और अमेरिका के बीच टकराव लगातार बढ़ रहा है। हाल के दिनों में ईरान ने भी अमेरिका और उसके सहयोगियों के खिलाफ जवाबी कार्रवाई की चेतावनी दी है, जिससे पूरे क्षेत्र में युद्ध की आशंकाएं बढ़ गई हैं।
इस हमले के बाद क्षेत्रीय हालात और ज्यादा संवेदनशील हो गए हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि खार्ग द्वीप जैसे रणनीतिक ठिकानों पर हमला केवल सैन्य कार्रवाई नहीं बल्कि आर्थिक और भू-राजनीतिक दबाव बनाने की रणनीति भी हो सकती है।
फिलहाल अमेरिका ने हमले के विस्तृत विवरण या नुकसान की आधिकारिक जानकारी सार्वजनिक नहीं की है। वहीं ईरान की ओर से भी संभावित जवाबी कदमों को लेकर कड़ी प्रतिक्रिया की संभावना जताई जा रही है, जिससे मध्य-पूर्व में तनाव और बढ़ सकता है।
