देश ने भारतीय सशस्त्र बलों के अदम्य साहस, समर्पण और सर्वोच्च बलिदान को किया याद
दिल्ली
ऑपरेशन सिंदूर की पहली वर्षगांठ पर आज पूरे देश ने भारतीय सशस्त्र बलों के अदम्य साहस, समर्पण और सर्वोच्च बलिदान को श्रद्धापूर्वक नमन किया। पिछले वर्ष इसी दिन भारत ने आतंकवाद के खिलाफ निर्णायक कार्रवाई करते हुए “ऑपरेशन सिंदूर” की शुरुआत की थी।
इस अभियान के तहत भारतीय सुरक्षा बलों ने पाकिस्तान और पाकिस्तान के कब्जे वाले जम्मू-कश्मीर में स्थित नौ आतंकी ठिकानों पर सटीक हवाई हमले किए थे। इन कार्रवाईयों में लगभग 100 आतंकियों के मारे जाने की जानकारी सामने आई थी। यह अभियान 22 अप्रैल को हुए पाकिस्तान प्रायोजित पहलगाम आतंकी हमले के जवाब में चलाया गया था, जिसमें निर्दोष नागरिकों की जान गई थी।
ऑपरेशन सिंदूर को भारत की आतंकवाद के प्रति “जीरो टॉलरेंस” नीति का प्रतीक माना गया। इस अवसर पर राष्ट्रपति, उपराष्ट्रपति और प्रधानमंत्री ने सशस्त्र बलों के पराक्रम की सराहना करते हुए कहा कि यह अभियान राष्ट्रीय सुरक्षा और आतंकवाद के खिलाफ भारत के अडिग संकल्प की ऐतिहासिक अभिव्यक्ति है।
रक्षा मंत्री Rajnath Singh, गृह मंत्री Amit Shah और सूचना एवं प्रसारण मंत्री Ashwini Vaishnaw ने भी ऑपरेशन सिंदूर की वर्षगांठ पर भारतीय सशस्त्र बलों के शौर्य, वीरता और बलिदान को श्रद्धांजलि अर्पित की।
देशभर में विभिन्न कार्यक्रमों और श्रद्धांजलि सभाओं का आयोजन किया गया, जहां शहीद जवानों को याद करते हुए राष्ट्र की सुरक्षा में उनके योगदान को सम्मान दिया गया। ऑपरेशन सिंदूर आज भी भारतीय सेना की ताकत, रणनीतिक क्षमता और राष्ट्र की सुरक्षा के प्रति अटूट प्रतिबद्धता का प्रतीक बना हुआ है।
