नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कल नई दिल्ली में जनजाति सुरक्षा मंच के प्रतिनिधियों से मुलाकात की। इस दौरान जनजातीय समुदाय के विकास, अधिकारों की सुरक्षा और उनके सशक्तिकरण से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर विस्तृत चर्चा हुई।
प्रधानमंत्री मोदी ने सोशल मीडिया पोस्ट में कहा कि जनजातीय समुदाय के प्रति जनजाति सुरक्षा मंच का समर्पण वास्तव में सराहनीय है। उन्होंने कहा कि बैठक के दौरान जनजातीय समाज के कल्याण और उनके सर्वांगीण विकास को लेकर सार्थक विचार-विमर्श हुआ।
बैठक में शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार, सामाजिक सुरक्षा और जनजातीय संस्कृति के संरक्षण जैसे विषयों पर भी चर्चा की गई। प्रधानमंत्री ने जनजातीय समुदाय के उत्थान के लिए सरकार की प्रतिबद्धता दोहराते हुए सामूहिक प्रयासों की आवश्यकता पर बल दिया।
जनजाति सुरक्षा मंच देशभर में जनजातीय समुदायों के अधिकारों, संस्कृति और सामाजिक हितों की रक्षा के लिए कार्य करने वाला एक प्रमुख संगठन है। यह मंच विशेष रूप से जनजातीय समाज की परंपराओं, पहचान और संवैधानिक अधिकारों के संरक्षण से जुड़े मुद्दों को उठाता रहा है। पिछले कुछ वर्षों में जनजातीय क्षेत्रों में शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार और बुनियादी सुविधाओं को लेकर केंद्र सरकार ने कई योजनाएं शुरू की हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी विभिन्न मंचों से जनजातीय समुदाय के विकास और उन्हें मुख्यधारा से जोड़ने की प्रतिबद्धता दोहराते रहे हैं।
